Rama Ekadashi
बस अब सुख ही सुख यह दीपावली से ठीक पहले आने वाली अत्यंत शुभ और पवित्र एकादशी मानी जाती है। इस दिन भगवान विष्णु और माता लक्ष्मी की पूजा का विशेष महत्व है। धार्मिक मान्यता के अनुसार, रमा एकादशी का व्रत करने से पापों का क्षय, सुख-समृद्धि और आध्यात्मिक उन्नति प्राप्त होती है। रमा एकादशी का विशेष संकल्प इस दिन भगवान विष्णु और माता लक्ष्मी के सामने प्रार्थना करें: "हे भगवान विष्णु एवं माता लक्ष्मी, हमारे जीवन से दरिद्रता, बाधाएं और नकारात्मकता दूर करें। परिवार में सुख, शांति, स्वास्थ्य, धन और समृद्धि प्रदान करें।" रमा एकादशी पर क्या करें? सुबह भगवान विष्णु और माता लक्ष्मी की पूजा करें। घी का दीपक जलाएं। ॐ नमो भगवते वासुदेवाय मंत्र का 108 बार जाप करें। जरूरतमंदों को अन्न, वस्त्र या धन का दान करें। शाम को तुलसी के पास दीपक जलाएं। क्रोध, विवाद और नकारात्मक विचारों से बचें। विशेष मंत्र: ॐ श्रीं नमो भगवते वासुदेवाय नमः। रमा एकादशी की मुख्य कथा प्राचीन काल में मुचुकुन्द नामक एक धर्मात्मा राजा थे। वे भगवान विष्णु के परम भक्त थे। उनके राज्य में सभी लोग धर्म-कर्म और भक्ति में विश्वास रख...